[संगीत] ए हमारे जीवन में मित्र और शत्रु बड़े मेन रखते हैं जो हमारे सुख दुख में हमारी सहायता करें हमारा साथ दें कुछ मित्र जन्म से होते कुछ मित्र हम स्वयं बनाते कुछ मित्र परिवार में मिल जाते हैं तो कुछ मित्र जीवन की यात्रा में परंतु शत्रु शत्रु हमें जीवन में कभी भी मिल जाते परंतु क्या आपने कभी सोचा की वास्तविकता में आपका सबसे बड़ा शत्रु है कौन आपका सबसे बड़ा शत्रु आपके भीतर छिपा बैठा है [संगीत] जिन्हें आप हनी पहुंचाना चाहते ऐसा करने से पूर्व आप स्वयं भीतर से जलते क्रोध एक सुलाते हुए अंगारे के समाज होता है जिससे आप अपने शत्रु को जलाकर भस्म कर देना चाहते हो अंगारे को उठाना पड़ता है और शत्रु से पहले स्वयं को जालना पड़ता है उसकी पीड़ा सनी पड़ती तो यदि आपको अपने शत्रुओं से मुक्ति पानी तो पहले आप स्वयं के क्रोध पर नियंत्रण करना सीखिए [संगीत] [संगीत] साड़ी सी के सामने मेरा वस्त्रहरण कर गया वह बालक जिन पांडवों का सर काटा हुआ देखना चाहता था उन्हें का भलख मेरा सर तु का संसार के सारे योद्धा देखते र गए और भोपालक मुझे अपने बड़ों के चक्र में बस गया मैं यह अपमान सहन नहीं कर सकता क्या चल भी नहीं सकता इसीलिए मैं अग्नि स्थान करूंगा [संगीत] क्या तुम अपने पांच भाइयों का बलिदान प्यार जान डॉग क्या अपने पिता को दिया वचन भूल डॉग तुम [संगीत] अपने चारों और देखो [संगीत] तुम्हारे आने अच्छा तुम्हारे मामा श्री तुम्हारे गुरुदेव यह सब तुम्हारे सम्मान तुम्हारे अधिकार के लिए लाड रहे हैं और तुम अपने कर्तव्य मोड देना चाहते हो क्या [हंसी] [प्रशंसा] [संगीत] सैनिकों का सम्मान मेरे मां में लगी अग्नि को बच्चा नहीं सकता मित्र मैं तुम्हारे लिए सदैव प्रस्तुत हूं मित्र आदेश तो मुझे आदेश दो की क्या चाहिए तुम्हें [संगीत] पीड़ा को शांत करने की औषधि क्या है मित्र बताओ मुझे मुझे अपने इस अपमान का प्रतिशोध चाहिए [संगीत] जिसने मेरा मां एरन किया उसके प्राण हरण करने हैं मुझे मुझे अभिमन्यु चाहिए [संगीत] [संगीत] अभी तक मैंने इसके गाव को छुआ भी नहीं है [संगीत] वो कम कर रहा है उतना [संगीत] बहुत डरपोक एक योद्धा की पत्नी के मां में इतना भाई शोभा नहीं देता तेरा [संगीत] आभूषण होते हैं [संगीत] [संगीत] [संगीत] [संगीत] [संगीत] अच्छा तुम पर गर्व है [संगीत] तो होना ही चाहिए [संगीत] आज अभिमन्यु ने उत्तर दिया [संगीत] सत्य अभिमन्यु [प्रशंसा] आज तुमने जो युद्ध भूमि [संगीत] [संगीत] [संगीत] करती है एक वस्त्र का संबंध मिल गया [संगीत] इसके लिए मैं सदैव के लिए अभिमन्यु की नहीं रहूं तो पल-पल में है सखी जी पाल को जय वही जीवन होता है आज तुम प्रश्न हो जय हो सके [संगीत] और भूमि पर रंगता हुआ [संगीत] [संगीत] वह मृत्यु मांगेगा मैं हर पाल मैं आप छोड़ जाऊंगा मैं उसे जब तक युद्ध भूमि में पांडव उपस्थित हैं तब तक होगा उसका प्रतिशत आप अवश्य लेंगे इसी करण अभिमन्यु तो पहुंचाना इतना सरल नहीं होगा [संगीत] पहले वचन दीजिए की भविष्य में आप इस तरह मेरा उपहास नहीं बनाएंगे [संगीत] [संगीत] [संगीत] [प्रशंसा] [संगीत] [प्रशंसा] [संगीत] [संगीत] ए ए मैं तुम्हें क्वेश्चन देता हूं तेरा तुम और हमारी संतान सदा मुझमें पर गर्वित रहेंगे [संगीत] उसे अपने पिता की शौर्य गाथा सुनने को मिलेगी उत्तर प्रदेश नहीं रहने चाहिए आचार्य [संगीत] [संगीत] हमारी सफलता एक उत्तम योजना में छुपी [संगीत] [प्रशंसा] [संगीत] ऐसा क्या का रहे हैं सका [संगीत] यह रात का अंधकार भी आपके मुख पर आए हुए भाव मुझे नहीं छुपा सकता [संगीत] जीवन के पश्चात मृत्यु आई है सुख के बाद दुख आता है और यही सृष्टि का नियम [संगीत] हमें अपने जीवन में सबके लिए तत्पर रहना चाहिए [संगीत] क्या वह सच होने वाला है अब तो सब जानते हैं बताइए मुझे बताइए मुझे [संगीत] कभी कभी भविष्य का ज्ञान होना भी दुख का करण बन सकता है सखी यदि समय के अनुसार मनुष्य को सत्य का ज्ञान तो वो स्वयं को संभल सकता है [संगीत] [संगीत] सदैव सोनी के लिए नहीं होती [संगीत] [संगीत] [संगीत] भूल को क्षमा किया जा सकता उनके पश्चात बिजली बचाओ की तो औरतें की आत्मकथा पड़ेगी आज तुम्हारे साथ साथ मेरा प्रतिशोध भी पूर्ण होगा और मैं सम्मान सहित तुम्हारी बहन दुश्ला को अपना मुख दिखा सकूंगा [संगीत] इतने समय आप कहां थे हिंदू नरेश [संगीत] अपने अपमान के प्रति शोध का प्रबंध कर रहा था [संगीत] मुझे अपने प्रतिशोध का अवसर चाहिए हमारे जब तक पांडवों के अपमान का प्रतिरोध नहीं लूंगा तब तक मुकुट धरण नहीं करूंगा [संगीत] कल आएगा वह दिन तो मैं पांडवों को ऐसी पीड़ा दूंगा वो जीवन भर नहीं भूल सके [संगीत] महादेव का आशीर्वाद है मेरे साथ हमारे साथ युवराज तुम्हारी [संगीत] [संगीत] [प्रशंसा] [संगीत] संसार के सभी योद्धाओं में तुम्हें सबसे अधिक कीर्ति प्राप्त हो [संगीत] [संगीत] [संगीत] [संगीत] विजय तो करो [संगीत] [संगीत] तुम युद्ध क्षेत्र में वह कीर्ति प्राप्त करो [संगीत] [संगीत]
Subscribe to:
Post Comments (Atom)
ॐ जय शिव ओंकारा आरती Sawan Special Om Jai Shiv Omkara हर हर महादेव Pen Bhakti
[संगीत] [प्रशंसा] ओम जय शिवा ओंकार स्वामी जय शिवा प्रभु जय शिवा ओमकारा [संगीत] ओम जय शिवा ओंकार [संगीत] [संगीत] हंसते गरुड़ तन हर...
-
[संगीत] महाभारत प्रता श्री आपने सु शर्मा को ऐसा वचन क्यों दिया मेरे वचन पालन करने का तो प्रश्न ही नहीं उठता अनुज तुम क्या समझते हो कि स...
-
महाभारत इच्छा है तुम्हारी बस इसने तो एक ही रट लगा रखी है केशव इसे तो आपको गुरु बनाना है वस इस देश में गुरुजनों की क्या कमी है तुम हमें ह...
-
[संगीत] किंतु मेरे परिवार पर से किस पर संकट आने वाला है ऋषिवर बताइए ना ऋषिवर संकट किस पर होगा यह सोचने के स्थान पर तुम्हें यह सोचना चाहि...
No comments:
Post a Comment