Thursday, 1 January 2026

महावीर भीम ने कीचक को सबक सिखाया Mahabharat Best Scene B R Chopra Pen Bhakti

[संगीत] महाभारत ये अंधेरा उड़े हुए सन्नाटा कितना भावुक है हां किंतु अभी क्षन भर में हमारे मिलन का प्रकाश फैल जाएगा और उस प्रकाश में तुम्हें मेरा एक और ही रूप दिखाई देगा [संगीत] मेरी बाहे तुम्हारे गले में पड़ने के लिए व्याकुल हो रही है सर्र तो तुम्हारी बाहो को रोक कौन रहा है बस इसी क्षण की तो प्रतीक्षा थी मुझे इसी क्षण के लिए तो मैं व्याकुल हो रहा था [संगीत] बाहे तो मेरी तेरे गले में पड़ने के लिए व्याकुला की [संगीत] [प्रशंसा] [संगीत] आ [संगीत] [प्रशंसा] [संगीत] [प्रशंसा] [संगीत] हे [संगीत] [संगीत] आ [प्रशंसा] [संगीत] [संगीत] [संगीत] [प्रशंसा] आ [संगीत] [संगीत] [प्रशंसा] [संगीत] [प्रशंसा] आ आ [संगीत] [प्रशंसा] [प्रशंसा] [संगीत] [संगीत] मैंने तुम्हारी बात रख ली पंचाली यह कल का सूर्य उदय होता नहीं देखेगा चाहा छूना आग को गई की चक की जान द्रौपदी के अश्रु को मिला आत्म [संगीत] समान मिला आ [संगीत] समान महा भारत महा भारत महाभारत महाभारत हो महा भारत

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ॐ जय शिव ओंकारा आरती Sawan Special Om Jai Shiv Omkara हर हर महादेव Pen Bhakti

[संगीत] [प्रशंसा] ओम जय शिवा ओंकार स्वामी जय शिवा प्रभु जय शिवा ओमकारा [संगीत] ओम जय शिवा ओंकार [संगीत] [संगीत] हंसते गरुड़ तन हर...